यह अवकाश उन महिला रेल कर्मचारियों को दिया जाता है जिनके 1 से अधिक जीवित बच्चे नहीं हैं। ऐसी महिला कर्मचारी को 180 दिनों का मातृत्व अवकाश दिया जा सकता है।
गर्भस्राव (Miscarriage) या गर्भपात (Abortion) के मामलों में यह अवकाश
एक बार में अधिकतम 42 दिन
तथा पूरे सेवाकाल में अधिकतम 45 दिन तक दिया जा सकता है।
यह अवकाश किसी भी अवकाश खाते से नहीं काटा जाता है और इस अवधि में कर्मचारी को पूरा वेतन देय होता है।
प्रसूति के मामलों में, अन्य प्रकार के अवकाशों को मिलाकर अधिकतम 1 वर्ष तक का अवकाश लिया जा सकता है।