Coaching General
02. Public relation – Objective functions and committees (Eng / Hindi)
जनसंपर्क – भारतीय रेल एक वाणिज्य संस्था है। प्रत्येक वाणिज्य संस्था के लिये जनता के साथ संपर्क बनाये रखना आवश्यक होता है। जनसंपर्क के अतर्गत जनता के साथ अच्छे संपर्क बनाये रखना, जनता की समस्याओ को प्रशासन के समक्ष रखना तथा रेल प्रशासन द्दारा दी जाने वाली सुख – सुविधा ओ के बारे में जनता को अवगत कराना आदि शामिल हैं
जनसंपर्क के मुख्य उद्देश्य :
1. जनता के साथ अच्छे संपर्क स्थापित करना।
2. जनता का विश्वास प्राप्त करना।
3. रेल की छवि जनता में उज्वल करना।
जनसंपर्क संगठन –
यह संगठन क्षेत्रीय स्तर पर वरिष्ट उप – महाप्रबंधक के अंर्तगत कार्य करता है। इनकी सहायता के लिये मुख्य जनसंपर्क अधिकारी, जनसंपर्क अधिकारी, सहायक जनसंपर्क अधिकारी होते है। मंडल स्तर पर अह कार्य वाणिज्य विभाग क्यारा देखा जाता है।
संगठन के मुख्य कार्य
- व्यापक रुप से जनता में यात्री सुविधाओ के बारे में प्रचार करना।
- समय सारिणी में परिवर्तन के बारे में प्रचार करना।
- जनता से प्राप्त शिकायतों से संबंधित अधिकारी को अवगत कराना।
- समाचार पत्रों में छपी गलत खबरों का खंडन करना।
- वाणिज्य प्रचार के माध्यम से आय प्राप्त करना ।
जनसंपर्क बनाये रखने के लिये विभिन्न स्तरों पर समितियां गठित की गई है,जो निम्नलिखित है।
- राष्ट्रीय रेल उपभोक्ता सलाहकार परिषद
- क्षेत्रीय रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति
- मंडल रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति
- स्टेशन सलाहकार समिति।
- उपनगरिय रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति
- रेल उपभोक्ता सुख – सुविधा समिति
- टाइम टेबल समिति

राष्ट्रीय रेल उपभोक्ता सलाहकार परिषद
1. अध्यक्ष. – रेलमंत्री2. सचिव – निदेशक वाणिज्य यातायात(सामान्य)3. कार्यकाल .- 2 वर्ष4. बैठक. – वर्ष में दो बार5. भत्ते- निर्धारित दर से व मानार्थ पास।6. सदस्य
- अध्यक्ष रेलवे बोर्ड, रेलवे बोर्ड के सभी सदस्य
- सचिव – वाणिज्य, नागरिक आपूर्ति तथा सहकार, उधोग, पर्यटन एवं नागरिक उड्डयन मंत्रालय
- लोकसभा के 0 सदस्य
- राज्यसभा के 5 सदस्य
- प्रत्येक क्षेत्रीय रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति से एक सदस्य
- चेंबर ऑफ कामर्स के दो सदस्य
- कृषि संगठन से एक सदस्य
- उधोग संगठन से एक सदस्य
- दो सदस्थ – सेवानिवृत्त रेल अधिकारी (महाप्रबंधक / रेलवे बोर्ड के सदस्य)
7. कार्य :-
- यात्रियों को दी जानेवाली सेवाओं और सुविधाओ मे वृध्दी की मांग करना।
- नये स्टेशन बनाने की माँग करना।
- गेज परिवर्तन की माँग करना।.
- रेल लाइन बढाने की माँग करना.
- गाड़ियों की गति बढाने के संबंध में विचार विमर्श करना।
- खानपान सेवाओं में सुधार की माँग करना।
क्षेत्रीय रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति
अध्यक्ष. – महाप्रबंधकसचिव – महाप्रबंधक के सचिवकार्यकाल – 2 वर्षबैठक. – वर्ष में 3 बारभत्ते- निर्धारित दर से व मानार्थ पास।
सदस्यों की सूची :-उस क्षेत्रीय रेल में आने वाले सभी राज्यों के राज्य सरकार से एक सदस्य।उस क्षेत्रीय रेल में आने वाले सभी राज्यों के विधान सभा एवं विधानपरिषद से एक – एक सदस्य।पांच सदस्य चेंबर ऑफ कामर्स तथा व्यापार संगठन से।प्रत्येक मंडल रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति से एक एक सदस्य।लोकसभा से 2 सदस्य व राज्यसभा के सदस्याकृषि और यात्री संगठन तथा सार्वनजिक क्षेत्र उपक्रम – प्रत्येक से दोसदस्याएक सदस्य उपभोक्ता संरक्षा संगठन से।9 प्रतिनीधि (8 रेल मंत्री ब्दारा तथा । महाप्रबंधक ब्दारा नामित )।
कार्य :-
- रेल उपभोक्ताओं को दी जानेवाली सुविधा में सुधार व वृद्धी की माँग करना।
- खानपान सेवाओं में सुधार व वृद्धी की माँग करना।
- नये स्टेशन व साहाडिंग खोलने की माँग करना।
- खेड़ो के के विद्युतीकरण की मांग करना।
- समय सारणी में सुधार की माँग करना।
- जिन स्टेशनों पर कुली सेवा उपलब्ध नहीं है वहाँ पर इसकी माँग करता।
- रेल प्रशासन को कामकाज के विषयमें पर अपने सुझाव देना
मंडल रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति 1. अध्यक्ष – मंडल रेल प्रबंधक2. सचिव – वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबन्धक /मंडल वाणिज्य प्रबंधक3. कार्यकाल – 2 वर्ष 4.बैठक – 3 माह में एक बार (वर्ष में कम से कम 3 बार)5.भत्ते – निर्धारित दर से व मानार्थ पास6 सदस्य :- a. 6 सदस्य महाप्रबंधक व्दारा नियुक्त जिसमे स्थानीय चेम्बर ऑफ कामर्स, व्यापारिक संगठन. उद्योग और कृषि संगठन से लिये जायेगे.b. महाप्रबन्धक के व्दारा नियुक्त दो प्रतिनिधि पंजीकृत यात्री संगठन से.c.9 प्रतिनिधि जिसमे से एक का नामांकन महाप्रबन्धक व्दारा किया जायेगा और 8 सदस्यों का नामांकन रेलमंत्री व्दारा किया जायेगा.d. उस मंडल में आने वाले सभी राज्यों के राज्य सरकार से एक सदस्य.e. उस मंडल में आने वाले सभी राज्यों के विधान सभा से एक – एक सदस्य f. उस मंडल में आने वाले संघ के मंत्री व्दारा और संसद सदस्य व्दारा एक सदस्य का नामांकन किया जायेगा. (संसद सदस्य को इस समिति में सदस्य नही बनाया जाता है.g. एक प्रतिनिधि ग्राहक संरक्षण संगठन से.h. एक सदस्य अपंगो के संगठन से.
7. कार्य :- a. राष्ट्रीय रेल उपभोक्ता सलाहकार परिषद और क्षेत्रीय रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति दिये गये संदर्भो पर विचार विमर्श करना.b. रेल उपभोक्ताओ को दी जाने वाली सेवा व सुविधाओ में सुधार की मांग करनाc. नये स्टेशन खोलने की मांग करना.d.समय सारणी में सुधार की मांग करना.
स्टेशन उपभोक्ता सलाहकार समिति
1. अध्यक्ष – वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबन्धक /मंडल वाणिज्य प्रबन्धक / सहा. वाणिज्य प्रबन्धक (स्टेशन के अनुसार)2. सचिव – स्टेशन प्रबंधक / मुख्य खंड वाणिज्य निरीक्षक 3.कार्यकाल – 2 वर्ष 4.बैठक – वर्ष में 4 बार 5.भत्ते – निर्धारित दर से और मानार्थ पास.6.सदस्य –
a. मंडल के स्थानीय चेम्बर ऑफ कॉमर्स, स्थानीय सहकारी समितियां और जनता के प्रतिनिधि इनकी संख्या 10 से ज्यादा नही होनी चाहिये.b. महाप्रबंधक के व्दारा नामित सदस्य जिनका संबंध वाणिज्य व उद्योग केंद्र से है.
कार्य :- a. स्टेशन की सेवा व सुविधा में सुधार की मांग करना.b. रेल उपभोक्ताओ के लिये अधिक से अधिक सेवाओ की मांग करना.c. रेल उपभोक्ताओ की कठिनाईयो से संबंधित विषयों पर विचार विमर्श करना व सुझाव देना.
उपनगरीय रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति
1. अध्यक्ष – मुख्य परिचालन प्रबंधक2. सचिव – उपमहाप्रबंधक 3.कार्यकाल – 2 वर्ष 4.बैठक – आवश्यकतानुसार 5.भत्ते – निर्धारित दर से व मानार्थ पास 6. सदस्य a. एक सदस्य नगर से (अधिकतम 2 सदस्य )b. एक सदस्य मंडल रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति से जो उस मंडल की जिसके अंतर्गत वह स्टेशन है c. एक सदस्य क्षेत्रीय रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति से.d.चार सदस्य उपनगरीय यात्री संगठन से लिये जाते है.e. एक सदस्य जी.एम. व्दारा नामित जो एक महिला सदस्य होगी जो लोकसभा या विधानसभा/ विधानपरिषद की सदस्य है.f. इनके अतिरिक्त चार सदस्य रेल मंत्री व्दारा नामित एक सदस्य लोकसभ संसदीय कार्य मंत्रालय व्दारा नामित
टाइम टेबल समिति 1. अध्यक्ष – मुख्य परिचालन प्रबंधक2. सचिव – महाप्रबन्धक व्दारा नामित 3.कार्यकाल – 2 वर्ष 4.बैठक – आवश्यकतानुसार 5. भत्ते – निर्धारित दर से नियमानुसार
6. सदस्य – a. एक सदस्य प्रत्येक मंडल रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति से b. तीन सदस्य पंजीकृत यात्री संगठन से.c. एक सदस्य जी एम व्दारा नामित.d. एक सदस्य राष्ट्रीय रेल उपभोक्ता सलाहकार परिषद से जो क्षेत्रीय रेल उपभोक्ता सलाहकार समिति का भी सदस्य है.
08.02 सामान बुकिंग क नियम
Coaching & Passenger Journey Fare सामान बुकिंग के नियम – 1. यात्री के पास उचित टिकट या पास होना चाहिए। 2. श्रेणी अनुसार निःशुल्क छूट दी जायेगी ।3. यात्री अपना सामान दो प्रकार से बुक कर सकता है।–a. यात्री कक्ष में निर्धारित अधिकतम सीमा तक सामान निःशुल्क छूट घटाने के
Percentage charges on Excess value.
Coaching & Passenger Parcel / Luggage अतिरिक्त मूल्य पर प्रतिशत शुल्क (Percentage Charges on Excess Value – PCEV) स्रोत: IRCA CT No. 25, P-I, V-III, Rule No. 901 1. कौन-कौन से सामान पर PCEV लागू होता है: Special valuable items / मूल्यवान सामान: सोना (Gold) चाँदी (Silver) मोती (Pearls) आभूषण
Wharfage Charges & General Rules
Coaching & Passenger Parcel / Luggage व्हार्फेज शुल्क / सामान्य नियम परिभाषा नि:शुल्क समय (Free Time) समाप्त होने के बाद यदि माल को रेलवे परिसर से नहीं हटाया जाता है, तो उस माल पर जो शुल्क लगाया जाता है उसे व्हार्फेज (Wharfage) कहते हैं। सामान्य नियम माल की डिलीवरी व्यावसायिक
8. आधिकारिक भाषा नियम 1976, 12 नियम:-
Study Material Rajbhasha(राजभाषा) 8. आधिकारिक भाषा नियम 1976, 12 नियम:- (1) संक्षिप्त शीर्षक, विस्तार और प्रारंभ। (2) परिभाषाएँ। (3) राज्यों आदि तथा केंद्र सरकार के कार्यालयों के अलावा अन्य कार्यालयों के साथ पत्राचार:- (i) केंद्र सरकार के कार्यालय से ‘ए’ जोन राज्य या व्यक्ति को भेजे गए संचार, अपवाद
सुबिधा टिकट आदेश – (PTO) एवं उसपर लगेज व आरक्षण के सामान्य नियम
Coaching Concession सुविधा टिकट आदेश (PTO) एवं उस पर लगेज व आरक्षण के सामान्य नियम 1. सुविधा टिकट आदेश (PTO) क्या है PTO कार्यरत रेल कर्मचारियों तथा उनके परिवार के सदस्यों के नाम से जारी किया जाता है। प्रत्येक रेल कर्मचारी को एक वर्ष में 4 सेट PTO जारी किए
Journey-cum-Reservation ticket
Coaching & Passenger.Tickets & Its Types Journey-cum-Reservation Ticket (यात्रा-सह-आरक्षण टिकट) परिभाषा: अलग-अलग Journey Ticket और Reservation Ticket जारी करने के स्थान पर जब एक ही टिकट में यात्रा तथा आरक्षण दोनों की सुविधा दी जाती है, उसे Journey-cum-Reservation Ticket कहा जाता है। मुख्य विशेषताएँ: इस टिकट में यात्रा एवं आरक्षण
Unreserved Ticketing System (UTS), Paperless Ticket & Paper Ticket
Coaching & PassengerAmenities & Services अनारक्षित टिकट प्रणाली (Unreserved Ticketing System – UTS) UTS वह प्रणाली है जिसके अंतर्गत यात्रियों को कंप्यूटर के माध्यम से अनारक्षित टिकट जारी किए जाते हैं। UTS की विशेषताएँ (Features): यह एक ऑनलाइन नेटवर्क आधारित प्रणाली है। कुछ स्टेशनों को मिलाकर क्लस्टर (Cluster) बनाए गए
14.राजभाषा प्रोत्साहन योजना पुरस्कारों का संक्षिप्त विवरण
Study Material Rajbhasha(राजभाषा) 14.मंत्रालयों / विभागों एवं उनके संबद्ध / अधीनस्थ कार्यालयों तथा केंद्र सरकार के निगमों, उपक्रमों, बैंकों आदि में राजभाषा नीति के कार्यान्वयन हेतु वर्ष 2014–15 के लिए निर्धारित लक्ष्य 🔹 क्षेत्र वर्गीकरण ‘क’ क्षेत्रबिहार, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश, मध्य प्रदेश, हरियाणा, झारखंड, उत्तराखंड, छत्तीसगढ़, दिल्ली तथा
Public relation – Objective functions and committees (Eng / Hindi)
Coaching General 02. Public relation – Objective functions and committees (Eng / Hindi) जनसंपर्क – भारतीय रेल एक वाणिज्य संस्था है। प्रत्येक वाणिज्य संस्था के लिये जनता के साथ संपर्क बनाये रखना आवश्यक होता है। जनसंपर्क के अतर्गत जनता के साथ अच्छे संपर्क बनाये रखना, जनता की समस्याओ को प्रशासन के
Duties of Commercial Dept, at Accident Site (Eng / Hindi)
Coaching General 10.Duties of Commercial Department at Accident Site दुर्घटना स्थल पर वाणिज्य विभाग के कार्य :- 1. जख्मी यात्रियों का विवरण एकत्रित करना. 2. गाड़ी में डॉक्टर की
D&R Part V
D&R Rule Part V नियम 17 से 24 अपीलें रेलवे सेवक (अनुशासन एवं अपील) नियम, 1968 के अंतर्गत, अनुशासनिक प्राधिकारी द्वारा निलंबित अथवा दंडित किए गए रेलवे कर्मचारी को सक्षम अपीलीय प्राधिकारी के समक्ष अपील प्रस्तुत करने का अवसर प्रदान किया गया है। अपील संबंधी नियमों का विवरण निम्नानुसार है
Duties & Responsibilities of TTE
Coaching & PassengerDuties & Responsibilities TTE (Travelling Ticket Examiner) के कर्तव्य एवं जिम्मेदारियाँ TTE को अपने पास उपलब्ध निजी नकद (Private Cash) की घोषणा करनी चाहिए। ट्रेन से यात्रा कर रहे सभी यात्रियों के टिकटों पर हस्ताक्षर करना या निप्पर लगाकर टिकट की सही जाँच करनी चाहिए। आरक्षित डिब्बों में
