Coaching & Passenger Parcel / Luggage

पार्सल कैश बुक (Parcel Cash Book)

पार्सल कैश बुक स्टेशन पर रखी जाने वाली एक महत्वपूर्ण पुस्तक है। इसमें एक दिन में जारी किए गए सभी पार्सल वे-बिल (PWB) की प्रविष्टियाँ क्रमवार की जाती हैं।
यदि कोई पार्सल वे-बिल रद्द भी कर दिया गया हो, तब भी उसकी प्रविष्टि इस पुस्तक में “Cancelled” (रद्द) टिप्पणी के साथ की जाती है।

यह पुस्तक स्थानीय (Local) तथा विदेशी (Foreign) यातायात के लिए अलग-अलग रखी जाती है।
इस पुस्तक के योग (Totals) के आधार पर DTC के भाग-III में प्रविष्टि की जाती है।

यह पुस्तक कार्बन प्रक्रिया द्वारा दो प्रतियों में रखी जाती है।
माह के अंत में संचयी योग (Cumulative Total) लेकर उसे बैलेंस शीट के डेबिट पक्ष में दर्शाया जाता है।
कार्बन प्रति को PWB की लेखा प्रतियों के साथ लेखा कार्यालय (Accounts Office) भेजा जाता है।

विदेशी पार्सल यातायात की कैश बुक में प्रत्येक रेलवे के लिए अलग-अलग कॉलम बने होते हैं।
जिस रेलवे क्षेत्र में गंतव्य स्टेशन स्थित होता है, उसी रेलवे के कॉलम में प्रविष्टि की जाती है।
इस कैश बुक को “कॉलमनर कैश बुक (Columnar Cash Book)” भी कहा जाता है।


पार्सल डिलीवरी बुक (Parcel Delivery Book)

पार्सल डिलीवरी बुक आवक (Inward) पार्सल खेपों के लिए रखी जाने वाली एक महत्वपूर्ण पुस्तक है।
इसमें प्रविष्टियाँ PWB के गार्ड फॉइल के आधार पर की जाती हैं।

स्टेशन पर प्राप्त सभी PWB का 100% परीक्षण किया जाता है।
यदि कम वसूली (Undercharge) या अधिक वसूली (Overcharge) पाई जाती है, तो उसे PWB के संबंधित कॉलम में दर्ज किया जाता है।

इसके बाद PWB की सहायता से डिलीवरी बुक में निम्नलिखित विवरण दर्ज किए जाते हैं:

  1. पार्सल वे-बिल संख्या

  2. प्रेषण स्टेशन का नाम

  3. प्रेषक (Consignor)

  4. प्राप्तकर्ता (Consignee)

  5. खेप का विवरण

  6. खेप प्राप्त होने की तिथि एवं समय

  7. गाड़ी संख्या

  8. डिलीवरी की तिथि एवं समय

  9. अधिक वसूली (यदि कोई हो)

  10. कम वसूली (यदि कोई हो)

  11. व्हार्फेज / डिमरेज शुल्क

जब PWB स्टेशन पर प्रस्तुत किया जाता है, तो यह जाँचा जाता है कि खेप प्राप्त हुई है या नहीं।
यदि खेप प्राप्त हो चुकी हो, तो कम वसूली तथा व्हार्फेज / डिमरेज शुल्क (यदि लागू हो) वसूल कर डिलीवरी दी जाती है।
वसूली गई राशि की प्रविष्टि डिलीवरी बुक में की जाती है।

दिन के अंत में वसूल की गई कुल राशि का योग कर उसे पार्सल कैश बुक में दर्ज किया जाता है।

माह के अंत में, प्राप्त किंतु अवितरित खेपों पर देय व्हार्फेज / डिमरेज शुल्क डिलीवरी बुक में लिखा जाता है।
वसूल किए गए तथा देय व्हार्फेज / डिमरेज शुल्क का विवरण तैयार किया जाता है, जिसे
“व्हार्फेज / डिमरेज स्टेटमेंट” कहा जाता है।

इस स्टेटमेंट के आधार पर व्हार्फेज / डिमरेज शुल्क की प्रविष्टि बैलेंस शीट के डेबिट पक्ष में की जाती है।
व्हार्फेज / डिमरेज स्टेटमेंट को वसूल किए गए PWB के साथ लेखा कार्यालय भेजा जाता है।


कोचिंग रिटर्न (Coaching Returns)

स्टेशन द्वारा समय-समय पर विभिन्न विवरणी एवं रिटर्न तैयार कर लेखा कार्यालय को आंतरिक जाँच के लिए भेजे जाते हैं।
लेखा कार्यालय यह सुनिश्चित करता है कि स्टेशन पर किए गए लेन-देन के कारण कोई वित्तीय हानि न हो।

कोचिंग रिटर्न के प्रकार

A) दैनिक (Daily)
  1. कैश रेमिटेंस नोट

  2. वसूल किए गए टिकटों का दैनिक विवरण

  3. निर्गत न किए गए टिकटों का दैनिक विवरण

B) आवधिक (Periodical)
  1. टिकट इंडेंट

  2. कोचिंग आय का अग्रिम विवरण

C) मासिक (Monthly)
  1. यात्री वर्गीकरण – मुद्रित कार्ड टिकट (स्थानीय एवं विदेशी)

  2. यात्री वर्गीकरण – सादा कागजी टिकट (स्थानीय एवं विदेशी)

  3. यात्री वर्गीकरण – सरकारी यातायात (स्थानीय एवं विदेशी)

  4. अतिरिक्त किराया टिकट विवरण

  5. भुगतान पार्सल कैश बुक की कार्बन प्रति (स्थानीय)

  6. भुगतान पार्सल कैश बुक की कार्बन प्रति (विदेशी)

  7. मोटर वाहन रिटर्न

  8. व्हार्फेज / डिमरेज शुल्क विवरण

  9. टेलीग्राफ आय रिटर्न

  10. त्रुटि पत्रक सूची

  11. प्रमाणित अधिक वसूली पत्रक सूची

  12. रिफंड सूची

  13. प्राप्त क्रेडिट एडवाइस नोटों की सूची

  14. रिमिशन आदेशों की सूची

  15. खोई संपत्ति कार्यालय को हस्तांतरित वस्तुओं की सूची

  16. विविध एवं अन्य आय का सारांश

  17. लंबित मदों की सूची

  18. संबंधित रिटर्न एवं परिशिष्टों सहित बैलेंस शीट


कैश रेमिटेंस नोट (Cash Remittance Note)
  1. स्टेशन द्वारा भेजी गई नकद राशि हमेशा कैश रेमिटेंस नोट (Form Com./C-9 Rev.) के साथ भेजी जानी चाहिए।

  2. यह फॉर्म क्रमांकित होता है तथा पुस्तकों में बंधा रहता है, जिसमें तीन फॉइल होते हैं –
    एक ब्लॉक फॉइल तथा दो काउंटर फॉइल।
    दोनों काउंटर फॉइल नकद के साथ कैशियर को भेजे जाते हैं, जो रसीद फॉइल पर कार्यालय की मुहर व हस्ताक्षर कर स्टेशन को वापस करता है तथा दूसरी फॉइल ट्रैफिक लेखा कार्यालय को भेजी जाती है।

  3. जब तक वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक द्वारा विशेष अनुमति न हो, स्टेशन से प्राप्त सभी स्रोतों की नकद राशि के लिए केवल एक कैश रेमिटेंस नोट तैयार किया जाना चाहिए।

  4. कैश रेमिटेंस नोट की तीनों प्रतियाँ स्टेशन मास्टर अथवा अधिकृत मुख्य/वरिष्ठ बुकिंग/गुड्स/पार्सल क्लर्क द्वारा भरी जानी चाहिए।

  5. कैश रेमिटेंस नोट में काट-छाँट या संशोधन पूर्णतः वर्जित है।
    यदि नोट गलत भर दिया गया हो, तो उसे रद्द कर नया नोट तैयार किया जाना चाहिए।

  6. कैश रेमिटेंस नोट में भेजी जा रही नकदी, सिक्के, चेक एवं वाउचर का विवरण पीछे की ओर दर्ज किया जाता है तथा स्टेशन मास्टर द्वारा हस्ताक्षर व स्टेशन कैश सील लगाई जाती है।

  7. ₹100 एवं उससे अधिक मूल्य के प्रत्येक नोट का नंबर पीछे दर्ज किया जाता है या अलग शीट संलग्न की जाती है।

  8. यदि वाउचर का विवरण पीछे लिखने की जगह पर्याप्त न हो, तो अलग वाउचर मेमो तैयार किया जाता है तथा कुल राशि का मिलान किया जाता है।

  9. कर्मचारियों के वेतन से संबंधित आपातकालीन वेतन पर्चियाँ अलग कवर में भेजी जाती हैं।

  10. टिकट लगे हुए टेलीग्राफ संदेश अलग कवर में भेजे जाते हैं।

  11. जो वाउचर नकद का प्रतिनिधित्व नहीं करते, उन्हें बैलेंस शीट के साथ लेखा कार्यालय भेजा जाता है।

  12. जिस कैश बैग में नकद भेजा गया हो, उसका नंबर कैश रेमिटेंस नोट की तीनों प्रतियों पर दर्ज किया जाता है।

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